ALL मेरठ सहारनपुर मण्डल मुजफ्फरनगर बागपत/ बड़ौत उत्तर प्रदेश मुरादाबाद मंडल राष्ट्रीय राजनीतिक विविध करियर
 कोरोना वायरस से घबराने की आवश्यकता नहीं, आयुर्वेद चिकित्सा में वसाका नाम से वर्णित है दवा
March 15, 2020 • Vikas Deep Tyagi • मेरठ

यूरेशिया संवाददाता

 मेरठ ।  चीन से पूरे विश्व में फैले कोराना वायरस से मौतों की संख्या मे तेजी से इजाफा हो रहा है। भारत में भी कोरोना से दो लोगों की मौत के बाद हडकंप मचा हुआ है। केन्द्र सरकार से लेकर राज्य सरकार कोरोना वायरस को लेकर एतियात कदम उठा रही है। लेकिन कोरोना वायरस को लेकर जितना ज्यादा हडकंप मचा हुआ है। उससे ज्यादा घबराने की आवश्यकता नहीं है। आयुर्वेद चिकित्सा के ग्रंर्थो में वसाका नाम से इसकी दवा वर्णित है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय मेरठ के कंट्रोल रूम प्रभारी डा वेद प्रकाश शर्मा ने बताया  कोरोना वायरस से लडने के लिये ग्लायेए तुलसी एकाली मिर्चए लोंग एछोटी पीपलए अदरक ए सौंफ का काढा ए लहसन रामबाण साबित हो सकती है। अगर इनका सेवन किया तो किसी भी मनुष्य को बीमारियों से छुटकारा मिल सकता है। इनसे सेवन करने से  प्रतिरोधक क्षमता बढती है।
 कोरोना वायरस के संक्रमण के लक्षण

  •   तेज बुखार
  •   बुखार के बाद खांसी का आना
  •  बेचैनी, सिरदर्द, और मुख्य रूप से सांस संबधी परेशानी महसूस होना

 डा शर्मा ने बताया आयुर्वेद के कप सिरप में वसाका-अरडूमा का उपयोग किया जाता है।इस लिये आप बैद्यनाथ का  इस्तेमाल कर सकते है। इसके अतिरिक्त गोजिव्हादि 10 ग्राम, बैद्यनाथ महासुदर्शन चूर्ण 01 ग्राम, गिलोय की हरी ताजा लकडी, 12 इंच बडी, तुलसी के 5 से 7 पत्ते, कालीमिर्च 3 से 4, सौंठ पाउडर 1 ग्राम, अरडूसा के ताजा 4 से 5 पत्ते, हल्दी पाउडर 1 से 2 ग्राम अब इन सबकों को मिलाकर 250 मि.ली पानी में मंद आंच में उबाले शेष 15 से 20 मि.ली बचने पर सूती सफेद कपडे से छान कर गुनगुना कर ही पीना चाहिए। लक्षणों से पीडित व्यक्ति को दिन में तीन से चार बार दिया जा सकता है। स्वस्थ व्यक्ति को बचाव को देखते हुए दिन में बार लिया जा सकता है।

  1. नमक या सफेद फिटकरी के पानी की भांप दिन में तीन चार बार लेनी चाहिए
  2. प्रत्येक व्यक्ति को प्रति दिन तीन से पांच बार सरसो का तेल नाक के अंदर अगुंली से लगाते रहना चाहिये।
  3.  गिलोय की हरी लकडी 12 इंच लम्बी ,तुलसी की 8 से 12 पत्त्े ,शुद्घ शहद एक चम्मच, एक ग्राम हल्दी पाउडर इन सबको को मिलाकर दिन में दो से तीन बार चाटना चाहिए।
  4. टेबलेट फिटरोल अमिल की गोली दिन में तीन से चार बार गर्र्म पानी से लेनी चाहिए
  5.  बैद्यनाथ  एलादि वटटी या मारिच्यादि वटटी में से कोई एक तरन्ह की टेबलेट दिन में चार से छरू बार चूसनी चाहिए।

यह बरते सावधानी

 कोरोना वायरस से बचने के लिये आइसक्रीम, कुल्फी, सभी प्रकार की कोल्ड ड्रिक्स एसभी प्रकार के प्रिजर्वेटिव फूड्स, डिब्बा बंद भेाजन, मिल्क शेक, कच्चा बर्फ , यानी गेाला कुल्फी, 48 घंटे पुराने खाने से बचे। कोरोना गर्म से निष्क्रिय हो जाता है। इस लिये तेज गर्मी यानी 35 डिग्री सेल्यिस से  ज्यादा होने तक रूके। किसी से भी हाथ नहीं मिलाए, हाथ जोडकर अभिवादन करे, नाक पर हर व्यक्ति वायरसरोधी मास्क लगा कर चले ,भोजन में नोनवेज से बचे । शुद्घ शाकाहारी भोजन का ही सेवन करे, भीडभाड ,मेले,  धरने, प्रदर्शन आदि ऐसी जगह से बचे। कम से कम यात्राएं करे, किसी भी ओषधि को चिकित्सक की सलाह लेकर सेवन करे।