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अब सरकार लगवाएगी बच्चों को निमोनिया की वैक्सीन
July 18, 2020 • विकास दीप त्यागी • मेरठ
  • मेरठ सहित 56 जिलों में आठ अगस्त को लांच होगी न्यूमोकोकल काँजुगेट
  • प्रदेश के 19 जिलों में पहले से लग रही है यह वैक्सीन
  • जिला स्तर पर अधिकारियों को दिया गया प्रशिक्षण

मेरठ, 18 जुलाई 2020 । मेरठ सहित प्रदेश के 56 जिलों में निमोनिया की वैक्सीन न्यूमोकोकल काँजुगेट सरकारी नियमित टीकाकरण में शामिल होने जा रही है। इसके लिए शासन की ओर से अगस्त की आठ तारीख तय की गयी है। बृहस्पतिवार और शुक्रवार को शासन स्तर से कलेक्ट्रेट स्थित एनआईसी में प्रतिरक्षण से जुड़े जिले के अधिकारियों को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से प्रशिक्षण दिया गया। नियमित टीकाकरण में इस वैक्सीन को शामिल किये जाने का बहुत दिनों से इंतजार था। इससे पहले प्रदेश के 19 जिलों में यह वैक्सीन लग रही है। इस तरह अब इस वैक्सीन की सुविधा अगले माह से प्रदेश के सभी जिलों में मिलनी शुरू हो जाएगी।  
महानिदेशक परिवार कल्याण मिथिलेश चतुर्वेदी ने इस संबंध में सभी 56 जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को नियमित टीकाकरण के चौथे अभियान में इसे शामिल किये जाने के संबंध में पत्र लिखा है। पत्र में कहा गया है कि इसे मार्च माह में लांच किया जाना था। लेकिन कोविड-19 संक्रमण और लॉकडाउन के कारण स्थगित कर दिया गया था। अब इसे आठ अगस्त से नियमित टीकाकरण कार्यक्रम में शामिल किया जाएगा। बाजार में इसकी कीमत काफी अधिक है, इस लिए यह आम आदमी की पहुंच से बाहर थी। सरकार इसे नि:शुल्क उपलब्ध कराएगी।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डा. प्रवीण कुमार ने बताया निमोनिया वैक्सीन को लेकर बृहस्पतिवार-शुक्रवार को जिले में प्रतिरक्षण से जुड़े अधिकारियों को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से पहले चरण की कार्यशाला में प्रशिक्षण दिया गया। महानिदेशक के निर्देशानुसार अब पांच अगस्त तक ब्लाक-शहरी प्लानिंग यूनिट में कार्यशाला आयोजित कर ब्लाक स्तरीय कोल्ड चेन होल्डलर, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओँ को प्रशिक्षित किया जाना है। प्रशिक्षण कार्यशाला में प्रतिरक्षण विभाग के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।
वैक्सीन की तीन डोज
डा. गौतम ने बताया न्यूमोकोकल काँजुगेट की तीन डोज इंजेक्शन के रूप में बच्चों को दी जानी है। पहला इंजेक्शन बच्चा के डेढ़ महीने का होने पर पेंटा-1 के साथ। दूसरा साढ़े तीन महीने पर। तीसरा एमआर के साथ बच्चे के नौ महीने पूरे होने के बाद।

  • क्या है निमोनिया

निमोनिया फेफड़ों में होने वाला संक्रमण है। यह मुख्य रूप से विषाणु या जीवाणु के संक्रमण के कारण होता है। यह बैक्टीरिया, वायरस और परजीवी के कारण भी हो सकता है। इसके अलावा निमोनिया कुछ दवाओं और अन्य बीमारियों के संक्रमण से भी हो सकता है।

  • निमोनिया के लक्षण

निमोनिया होने पर फ्लू जैसे लक्षण महसूस होते हैं। यह लक्षण धीरे-धीरे या फिर तेजी से विकसित हो जाते हैं। निमोनिया का मुख्य लक्षण खांसी है। बच्चा कमजोर और थका हुआ महसूस करता है। बलगम वाली खांसी होती है। बुखार के साथ पसीना और कंपकंपी होती है। सांस लेने में कठिनाई होती है या सांस तेज चलती है। इसके अलावा भूख भी नहीं लगती है।
किसी भी उम्र में हो सकता है निमोनिया
डा. गौतम  ने बताया निमोनिया किसी भी उम्र में हो सकता है। नियमित टीकाकरण में इस वैक्सीन को शामिल किये जाने से बच्चों को निमोनिया का खतरा काफी हद तक कम हो जाएगा। साथ ही वैक्सीन लगने से बड़े होने पर उनको निमोनिया होने की आशंका कम हो जाएगी।